यूकेश चंद्राकर
बीजापुर, 19 नवंबर 2024 – छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने बस्तर संभाग के बीजापुर में विभिन्न विभागीय योजनाओं और निर्माण कार्यों की समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने विपरीत परिस्थितियों में काम कर रहे अधिकारियों और कर्मचारियों से अपने शत-प्रतिशत योगदान देने की अपील की। उन्होंने कहा कि बस्तर जैसे सुदूरवर्ती और चुनौतीपूर्ण क्षेत्रों में कार्य करना सौभाग्य की बात है।
अरुण साव ने अंदरूनी क्षेत्रों में चल रहे सड़क और पुल निर्माण कार्यों का जायजा लेते हुए समय-सीमा और गुणवत्ता सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने चेतावनी दी कि कार्य में लापरवाही बरतने वाले ठेकेदारों के अनुबंध रद्द कर उन्हें ब्लैकलिस्ट किया जाएगा। उन्होंने विशेष रूप से आवापल्ली, बासागुड़ा, और जगरगुंडा मार्ग की प्रगति की समीक्षा की और दिसंबर 2024 तक इसे पूरा करने के निर्देश दिए।
नेलसनार से गंगालूर तक 50 किलोमीटर सड़क के निर्माण में शेष 11 किलोमीटर को प्राथमिकता से पूरा करने का निर्देश दिया। वहीं, बीजापुर से भोपालपटनम मार्ग पर मोदकपाल के पास हो रही सड़क दुर्घटनाओं पर नाराजगी जताई और सुरक्षा के उपाय तत्काल लागू करने की बात कही।
जल जीवन मिशन के तहत चल रहे पेयजल आपूर्ति कार्यों की महत्ता को रेखांकित करते हुए उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित समय-सीमा दिसंबर 2024 तक सभी अधूरे कार्य पूरे किए जाएं। उन्होंने बीजापुर, सुकमा, नारायणपुर, और दंतेवाड़ा के नगर निकायों को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पात्र हितग्राहियों की पहचान तीन चरणों में पूरी करने और उन्हें लाभान्वित करने के निर्देश दिए ।
बैठक में कलेक्टर संबित मिश्रा ने जिले में विकास कार्यों की प्रगति पर विस्तृत प्रस्तुति दी। उन्होंने नियद नेल्ला नार योजना के तहत अंदरूनी क्षेत्रों में सड़कों, बस सेवाओं, सेंट्रल लाइब्रेरी, और आधारभूत सुविधाओं के विस्तार की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि ग्राम सभा के प्रस्तावों के आधार पर जाति प्रमाण पत्र, जन्म प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, और राशन कार्ड जैसी जरूरी दस्तावेजों को प्राथमिकता से उपलब्ध कराया जा रहा है।
अरुण साव ने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा, “बस्तर संभाग के दूरस्थ जिलों में काम करना चुनौतियों से भरा है, लेकिन यह सेवा का एक सुखद अनुभव है। यहां के सरल और सहज आदिवासी भाइयों और बहनों के जीवन को बेहतर बनाने का प्रयास आपके लिए सौभाग्य की बात है। उनकी समस्याओं को समझकर समाधान निकालने के लिए संवेदनशीलता और तत्परता से काम करें।”
इस अवसर पर लोक निर्माण विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सचिव अब्दुल कैसर हक, पूर्व मंत्री महेश गागड़ा, कलेक्टर संबित मिश्रा, पुलिस अधीक्षक डॉ. जितेंद्र यादव, जिला पंचायत सीईओ हेमंत रमेश नंदनवार, डीएफओ रामकृष्ण रंगनाथा, और इंद्रावती टाइगर रिजर्व के उप निदेशक संदीप बलगा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।अरुण साव ने विभागीय अधिकारियों को समयबद्ध और गुणवत्तायुक्त कार्य सुनिश्चित करने का आह्वान किया, ताकि सुदूर क्षेत्रों के विकास का सपना साकार किया जा सके।

